पाकिस्तान को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने दिखाई औकात! कहा- भारत के साथ सीधे नहीं लड़ पाएगा पाकिस्तान

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान से पैदा हुए खतरे को लेकर कहा कि वह जानता है कि भारत के खिलाफ सीधे युद्ध नहीं लड़ा जा सकता। राजनाथ सिंह ने कहा कि 1965 और 1971 में मिली पराजय ने पूरी तरह यह साबित कर दिया कि पाकिस्तान भारत के साथ युद्ध करने की स्थिति में नहीं है।

रक्षामंत्री ने कहा कि भारत के साथ सीधे युद्ध न करने की अक्षमता ने पाकिस्तान को दो नीतियों पर काम करने के लिए मजबूर किया। एक उन्होंने एटमी रास्ता खोजने की दिशा में कदम बढ़ाए और दूसरी भारत को डेथ ऑफ थाउजेंट कट्स देने की नीति पर काम शुरू किया।

कश्मीर से आतंकवाद को जल्द होगा सफाया

कश्मीर के हालातों पर बात करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि कश्मीर से आतंकवाद का सफाया जल्द हो जाएगा क्योंकि धारा 370 और 35A के चलते वहां अलगाववादी ताकतों को जो मजबूती मिलती थी, वह अब खत्म हो गई है।

रक्षा मंत्री ने आतंकवाद को समर्थन देने के लिए पाकिस्तान को भी आडे़ हाथों लेते हुए कहा कि वह परोक्ष युद्ध की नीति पर चलते हुए भारत में अस्थिरता पैदा करने में लगा है। सोमवार को दिवंगत बलरामजी दास टंडन व्याख्यानमाला में ‘राष्ट्रीय सुरक्षा’ विषय पर अपने संबोधन में राजनाथ सिंह ने कहा, ‘मेरा मानना है कि कश्मीर में बचा खुचा आतंकवाद भी समाप्त होकर रहेगा।’

रक्षामंत्री ने आतंक के खिलाफ सुरक्षा बलों की कार्रवाई का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इसमें बड़ा बदलाव आया है और उनमें यह भरोसा पैदा हुआ है कि राष्ट्र रक्षा के कर्तव्य पालन में उन्हें खुली छूट रहेगी। राजनाथ सिंह ने कहा कि इससे सेना और सुरक्षा बलों का आत्मविश्वास और मनोबल कितना ऊंचा हुआ है इसका अनुमान आप इसी बात से लगा सकते है कि पिछले सात सालों में भारत के में एक भी बड़ी आतंकवादी घटना उन्होंने नहीं होने दी है।